कितना दम आंगली मैं ------------------------------ --------
दफ्तर जावन की खातिर चौधरी साहब तिमंजली मंजिल तैं उत्तर कै जीने तैं नीचै आये | लाइट ना होवण करकै लिफ्ट काम नहीं करै थी | अपनी पत्नी ताहीं टा टा करण ताहीं उप्पर देख्या तो पाया अक उसकी पत्नी आंगली के इशारे तैं उप्पर बुला वै सै | चौधरी साहब हांफते हांफते तुरन उप्पर पोहंचे अर बूझ्या ," के बात होगी ? क्यूं बुलाया ? पत्नी मजा लेकै बोली ," कुछ बात ना थी , मैं तो देखूं थी अक इस एक आंगली मैं कितना दम सै |"
दफ्तर जावन की खातिर चौधरी साहब तिमंजली मंजिल तैं उत्तर कै जीने तैं नीचै आये | लाइट ना होवण करकै लिफ्ट काम नहीं करै थी | अपनी पत्नी ताहीं टा टा करण ताहीं उप्पर देख्या तो पाया अक उसकी पत्नी आंगली के इशारे तैं उप्पर बुला वै सै | चौधरी साहब हांफते हांफते तुरन उप्पर पोहंचे अर बूझ्या ," के बात होगी ? क्यूं बुलाया ? पत्नी मजा लेकै बोली ," कुछ बात ना थी , मैं तो देखूं थी अक इस एक आंगली मैं कितना दम सै |"
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