बुधवार, 23 अगस्त 2023

926 से 950

 [12/08, 5:20 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 926

रमलू पहलवान ---------------------------------------

रमलू बूढ़े पहलवान नै भीड़ को संबोधित करते हुए कहया ,'मेरे मैं इब्बी उतनी ए ताकत सै , जितनी जवानी के दिनों मैं थी '

"वो क्यूकर "एक माणस नै बूझ्या |

वो बड्डा सा पत्थर देख रहे सो ना , मैं उसनै जवानी मैं भी ठाया करता , इब्बी ठाऊँ सूँ | 

वो न तो तब उठता था और ना इब उठता मेरे पै "

[12/08, 5:20 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 927

नालायक बेटा -----------------------------

एक औरत नै अपने बेटे तैं कहया ,' तूं एकदम नालायक सै | अपने बाबू के चाल  चलन तैं कुछ तो सीख ले |'

'के मतलब सै माँ तेरा ?'बेटे नै हैरान होकै बूझ्या |

तनै बेरा कोनी के | तेरे बाबू के आछे चाल चलन के करकै ए तो जेल आल्यां  नै उनकी आधी सजा माफ़ करदी |

[12/08, 5:21 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 928

" चरागाह मैं घोडा और गाय घास चार रहे हैं -- इस वाक्य मैं के गलती सै ? मास्टरजी नै छात्रों तैं बूझ्या |

" इस मैं लेडीज फर्स्ट " के सिधान्त का पालन कोनी करया गया " एक छात्र नै जवाब दिया |

[12/08, 5:21 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: रमलू  फकीर अर अम्बानी अमीर का एक बार सूत  बैठग्या  बात करण का |

अम्बानी   जी बोले --अच्छा रमलू न्यूं बता अक" किस करना" मेहनत सै अक या मजा सै ?

रमलू  बोल्या --अम्बानी जी क्यूं मजाक करो सो गरीब की गेल्याँ ?

अम्बानी --नहीं रमलू मैं असल मैं जानना चाहूं सूँ |

रमलू बोल्या -- अम्बानी साहब जरूर मजा होगा , नाह तै मेहनत होती तै या भी थाम  मेरे पै ए करवांदे||

[12/08, 5:22 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 929

रमलू अपनी घर आली तैं बोल्या  -- री भगवान ! तूं जो अख़बार पढ़न लागरी सै वो उल्टा सै |

घराली सैड दे सी बोली ," तो के हुया ? मैं इसनै पढूं थोड़े ए सूँ , मैं तो फोटो देखूं सूँ |


--

[13/08, 6:43 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 930

रमलू --- 

MP, 

MLA, 

MLC 

खरीदते खरीदते ये भूल गए कि oxygen भी खरीदनी है..

[15/08, 7:02 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 931

फेल होना चाहूं सूँ 

सत्तू दसवीं कलास मैं पढ़या करै था | एक दिन ओ अपने दोस्त फत्तू ती बोल्या --- यार फत्तू मैं तो फेल होना चाहूं सूँ | सत्तू की बात सुनकै फत्तू नै बूझ्या --- यार सत्तू तूं फेल क्यों होना चाहवै सै ? सत्तू बोल्या-- मेरे बाब्बू नै मेरे ती कह राख्या सै अक जै तूं फस्ट आया तो तेरे ती साइंस दिवा द्यूंगा , जै पास ए होया तो आर्ट साइड दिवाऊँगा अर जै फेल होग्या तो तेरा ब्याह कर द्यूंगा |

[15/08, 7:02 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 932

सुरता झगड़ालू छोरा था | वो छोटी छोटी बातां पै झगडा कर लिया करै था | एक दिन सूरते नै एक ज्योतिषी तैं हाथ दिखाया | हाथ देख कै ज्योतिषी नै सूरते पै बूझ्या --- बोल बेटा के बूझना चाहवै सै ? सुरता बोल्या --- जी मेरी दो न्यारी न्यारी जगहां भतेरी और सविता नाम की छोरियां गेल्याँ ब्याह की बात चाल री सै | थाम मने नयों बताओ अक इनमें तैं कौनसी खुशनसीब सै जिस गेल्याँ मेरा बयाह होवैगा ? उस ज्योतिषी नै सूरते के स्वभाव का बेरा था जयां तैं बोल्या-- बेटा तेरा ब्याह to भतेरी गेल्याँ होवैगा ar खुशनसीब सविता रह्वैगी

[16/08, 6:31 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 933

शिक्षक ने क्लास में रमलू  की कॉपी जांचते हुए उससे कहा- मुझे आश्चर्य होता है कि तुम अकेले इतनी सारी गल्तियां करते हों ?

रमलू  नै  खड़या  होकै  कहया - यह सारी  गल्तियां मनै ऐकले नै कोण्या करी , मेरा  बाबू  नै भी इसमैं  मेरी  मदद करी सै  |

[16/08, 6:47 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 934

रमलू 

किट किट की आवाज आ रही थी

रमलू( जागकै)--देखिए धमलो मूसे कपड़े कुतरण लागरे सैं ।

धमलो(कांपते हुए)

सारी सौड़ तो तनै खींच ली 

मेरे ए दांत किट किटावैं सैं ।

[17/08, 6:52 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 935

रमलू ने एक हलवाई की दुकान पर आधा किलो जलेबी लेकर खाई और बिना पैसे दिए जाने लगा..

दुकानदार बोला – अरे जलेबी के पैसे तो दिए जा ।

रमलू– पैसे तो है नहीं ..

इस पर दूकानदार ने अपने नौकर को बुला कर रमलू की भरपूर पिटाई करवा दी।

पिटने के बाद रमलू उठा और हाथ पैर झाड़ते हुए बोला- इसी भाव पर एक किलो और तौल दे ।

[17/08, 7:01 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 936

चीनी भाषा

कमलू नै रमलू तैं बूझ्या  - के तूँ  चीनी भाषा पढ सकै सै  ?

रमलू बोल्या  - हां , जै वा  हिंदी  अर  अंग्रेजी मैं लिख राखी हो तै ....

[18/08, 6:21 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 937

रोला अठन्नी का एक छोरे नै दूसरे छोरे ताहीं कहया ," इबै इब मनै एक अठन्नी मिली सै |"

दूसरा छोरा बोल्या ,' वो तो मेरी  थी |"

" झूठ मने तो दो चवन्नी मिली सें |"पहला बोल्या |

दूसरा बोल्या ," हो सकै सै अक मेरी अठन्नी पड़ कै टूट्गी हो अर दो टूक होगे हों |"

[18/08, 6:42 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 938

धमलो-थाम शराब बहोत पीवण लागे।

रमलू-धमलो! या चीजै इसी सै।

धमलो-बोतल पै तो साफ साफ लिख्या हो सै-खतरा!अर फेर भी पीवो सो।

रमलू-अरै, हम तो "खतरयां के खिलाड़ी" सां।

[19/08, 6:24 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 939

कमलू –रै रमलू !!


अपुन के दिमाग में एक लोचा चल रेला है रे !


साला ये बगूला एक टांग उठाकर काये को सोता है !!


रमलू – अरे सिंपल है भाई !!


बोले तो अगर बगूला दूसरी टांग भी उठा लेगा तो गिर जायेगा ना !!

[19/08, 6:25 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 940

रमलू शाम को जैसे ही घर में लौटा !


धमलो – आज क्या लाये ?


रमलू – अब इस पूरे महीने मुझे कुछ,

खरीदने की जरुरत नहीं पड़ेगी !!


धमलो – क्यों आज ही पूरी दुकान खरीद लाये क्या ?


रमलू – नहीं मैं पूरी सैलरी की दारू पी आया !!

[19/08, 6:43 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 941

बैंक मैनेजर:- कैश खत्म हो गया है कल आना !


रमलू- लेकिन मुझे मेरे पैसे अभी चाहिये !!


मैनेजर:- देखिये आप गुस्सा मत करिये,

शांति से बात कीजिये !!


रमलू:- ठीक है बुलाओ शांति को,

आज उसी से बात करूँगा !!!!

[19/08, 6:43 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 942

10 डॉक्टर मिलकर एक हाथी का ऑपरेशन कर रहे थे !!


आपरेशन के बाद…


डॉक्टर:- कम्पाउंडर जल्दी इधर आ !!

रमलू कम्पाउंड:-क्या हुआ डॉक्टर साहब??


डॉक्टर:- चेक करो सारे औजार हैं या नहीं !

कुछ हाथी के पेट में तो नहीं छूट गया !


रमलू कम्पाउंडर:- औजार तो सारे यहीं हैं !

लेकिन डॉक्टर शर्मा कहीं दिखाई नहीं दे रहे !!

[19/08, 6:46 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 943

कुंडलियो का मिलान कर के, 


पंडित जी बोले- बधाई हो, कुंडली तो एसे मिली है, 


जेसे श्री राम ओर सीताजी की मिली थी |||

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इतना सुनते ही लड़की बोली :- माँ, मैं इस लड़के से शादी नहीं करूंगी,

.माँ--क्यों बेटा?

लड़की:- मैंने तो यूरोप घूमने के सपने देखे हैं । वनों में भटकने के नहीं ।

[19/08, 6:47 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 944

डॉक्टर धमलो से :- आपका पति रमलू अब सिर्फ 2 दिन का मेहमान है, आई एम सॉरी !!


धमलो :- सॉरी की कोई बात ही नहीं है डॉक्टर साहब,


40 साल निकल गए तो 2 दिन भी निकल ही जायेंगे !!

[19/08, 6:47 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 945

रमलू और कमलू दोनों भाई एक

ही क्लास में पढ़ते थे !


टीचर: तुम दोनों ने अपने पापा का नाम


अलग-अलग क्यों लिखा है?


रमलू : मैडम फिर आप कहोगी कि नक़ल मारी है, इसीलिए !!

[19/08, 6:50 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 946

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रमलू अपनी माँ तैं बोल्या –“मां,कोई कहानी सुणा!

माँ – “बेटा,मेरै तो कोई कहानी याद कोण्या। इबबै तेरा बाबू

घरां आवैगा। जब मैं बुझूंगी अक इतनी वार कड़ै लादी

...,फेर तूँ देखना वो कितनी कहानियाँ सुनावै सै…

[19/08, 6:58 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 947

नैहले पै दैहला

रमलू की भाभी बस की बाट मैं खड़ी थी | रमलू  बोल्या - चांद तो रात मैं लिकड़या  करै  , आज दिन मैं  क्यूकर लिकड़ आया ?


भाभी  बोली - भर  उल्लू तो रात नै  बोलया करै  , आज दिन मैं क्यूकर बोलै सै ?

[19/08, 6:58 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 948

parhej

डॉक्टर रमलू मरीज सेः तुम दिन में कितनी सिगरेट पिते हो?


रमलू : बस  जी 20


डॉक्टरः देखो अगर मुझसे इलाज करना हो तो तुम्हे सिगरेट से परहेज करना होगा, एक काम करो , एक नियम बना लो, सिर्फ भोजन के बाद ही एक सिगरेट पियोगे।

रमलू  ने डॉक्टर की बात मानकर इलाज शुरू कर लिया | 


दो महीने  बाद रमलू  का स्वास्थ एकदम सुधर गया।


डॉक्टरः देखा मेरे बताये गए परहेज से तुम्हारा स्वास्थ्य  कितना सुधर गया।


रमलू : पर  डॉक्टर साहब दिन मैं 20 बरियाँ  भोजन करना भी तो कोये  आसान काम कोन्या /

[19/08, 7:04 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 949

"डॉक्टर (रमलू से )- बहुत कमजोरी है।

फल खाया करो छिलके सहित।

एक घंटे बाद..

रमलू - डॉक्टर साहब! मेरे पेट मैं कसूता दर्द होरया सै

डॉक्टर- क्या खाया था?

रमलू- नारियल छिलके समेत ।

[19/08, 7:11 am] Dr. Ranbir Singh Dahiya: 950

कमलू (रमलू तैं)- तूँ यो  चाकू क्यों उबालै सै ?

रमलू - सुसाइड करण की खात्तर ।

कमलू- तो फिर उबालण की के जरूरत सै?

रमलू - मरे पाछै कदे इन्फेक्शन ना होज्या खामखा दुखी करैगी ।

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